CS अनुराग जैन का सख्त अल्टीमेटम कलेक्टर-अफसर सुधर जाएं, वरना कुर्सी भी जा सकती है!
CS अनुराग जैन का अफसरों को अल्टीमेटम: सुधरो या हटने को तैयार रहो CM हेल्पलाइन ने खोली अफसरों की पोल, CS बोले– अब कोई नहीं बचेगा मप्र में नौकरशाही पर शिकंजा, लापरवाह अफसरों की कुर्सी खतरे में

भोपाल। मध्यप्रदेश की नौकरशाही में उस वक्त खलबली मच गई, जब मुख्य सचिव अनुराग जैन ने सीधे-सीधे अफसरों को चेतावनी दे दी—
काम सुधरा नहीं तो अंजाम भुगतने के लिए तैयार रहें।
वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए हुई उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में सीएस ने कलेक्टरों, संभागायुक्तों, पुलिस कमिश्नरों और एसपी को साफ शब्दों में कह दिया कि अब बहाने, खानापूर्ति और फाइलों का खेल नहीं चलेगा।

🔥 सीएम हेल्पलाइन बनी अफसरों की पोल खोलने का हथियार
मुख्य सचिव ने कहा कि सीएम हेल्पलाइन की शिकायतें सीधे मुख्यमंत्री तक पहुंच रही हैं, और कई जिलों से लगातार नकारात्मक फीडबैक आ रहा है।
उन्होंने दो-टूक कहा—
“जनता की शिकायतें दबाने की कोशिश की गई, तो यह सीधी अवमानना मानी जाएगी।”
यानी अब झूठे निराकरण और फर्जी क्लोजर पर सीधे कार्रवाई तय मानी जा रही है।

⚠️ फील्ड से गायब अफसरों पर सीधा वार
सीएस अनुराग जैन ने कहा कि कई कलेक्टर और अधिकारी एसी कमरों से बाहर निकलना ही भूल गए हैं।
उन्होंने चेताया कि—
फील्ड विजिट नहीं
जनता से संवाद नहीं
सिर्फ कागजी रिपोर्ट
तो समझ लें कि ACR से लेकर पोस्टिंग तक खतरे में है।

⛏️ अवैध खनन, माफिया और थानों की ढिलाई पर फटकार
बैठक में अवैध खनन, जमीन माफिया, शराब माफिया और थानों की कार्यप्रणाली पर भी तीखी नाराजगी जाहिर की गई।

पुलिस अधिकारियों को साफ संदेश दिया गया—
“दबाव में काम किया तो जिम्मेदारी आपकी होगी।”
यानी अब राजनीतिक या स्थानीय संरक्षण का बहाना भी नहीं चलेगा।

🧨 संकेत साफ: हटाए जाएंगे कमजोर अफसर
सूत्रों के मुताबिक, बैठक में यह भी साफ कर दिया गया कि
लगातार खराब प्रदर्शन करने वाले अफसरों को हटाने की सूची तैयार की जा रही है।
सरकार की छवि खराब करने वाले अफसरों पर
ट्रांसफर
चार्जशीट
और प्रमोशन रोकने
जैसी कार्रवाई हो सकती है।

📌 मुख्य सचिव का साफ संदेश
यह सिर्फ चेतावनी नहीं, बल्कि नौकरशाही के लिए आखिरी मौका माना जा रहा है।
अब या तो अफसर जनता के लिए काम करें,
या फिर सिस्टम उन्हें किनारे कर देगा




