राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का बयान: “मैं बंगाल की बेटी हूं, फिर भी यहां आने की इजाजत नहीं” — ममता सरकार पर जताई नाराजगी
सिलीगुड़ी में राष्ट्रपति का बड़ा बयान: “मुझे बंगाल आने की अनुमति नहीं मिलती” — ममता सरकार घिरी


सिलीगुड़ी (पश्चिम बंगाल): राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के एक बयान ने पश्चिम बंगाल की राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी है। शनिवार को सिलीगुड़ी के बागडोगरा क्षेत्र के गोशाईपुर में आयोजित इंटरनेशनल संथाल काउंसिल के कार्यक्रम में शामिल होने के बाद राष्ट्रपति ने राज्य सरकार को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर की।
“मैं बंगाल की बेटी हूं…”
सिलीगुड़ी सबडिवीजन के बिधाननगर इलाके में लोगों को संबोधित करते हुए राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा कि उन्हें पश्चिम बंगाल आने में मुश्किलों का सामना करना पड़ता है।
उन्होंने कहा,
“मैं बंगाल की बेटी हूं, फिर भी मुझे यहां आने की इजाजत नहीं है। ममता मेरी छोटी बहन जैसी हैं, मुझे नहीं पता, शायद वह मुझसे नाराज हैं।”
राष्ट्रपति का यह बयान सामने आने के बाद राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है।
संथाल समुदाय के कार्यक्रम में शामिल हुईं राष्ट्रपति
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू बागडोगरा के गोशाईपुर में आयोजित इंटरनेशनल संथाल काउंसिल के कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। इस दौरान उन्होंने संथाल समुदाय की संस्कृति, परंपराओं और समाज में उनके योगदान की सराहना की और आदिवासी समाज के विकास पर जोर दिया।
सियासी प्रतिक्रिया का इंतजार
राष्ट्रपति के बयान के बाद माना जा रहा है कि यह मुद्दा जल्द ही राजनीतिक बहस का विषय बन सकता है। हालांकि अभी तक पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी या राज्य सरकार की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।




