चुनाव के बाद बदले हालात: कल तक केंद्रीय बलों को धमकी देने वाले TMC नेता जहांगीर खान पहुंचे हाईकोर्ट, गिरफ्तारी से बचने के लिए लगाई गुहार
पश्चिम बंगाल में बीजेपी सरकार बनते ही 'पुष्पा' के तेवर पड़े ढीले; फाल्टा विधानसभा उपचुनाव से पहले कलकत्ता उच्च न्यायालय ने दी अंतरिम राहत, 25 मई तक कठोर कार्रवाई पर रोक।

कोलकाता/भोपाल
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दौरान अपने विवादित और आक्रामक बयानों को लेकर सुर्खियों में रहने वाले तृणमूल कांग्रेस (TMC) के कद्दावर नेता और फाल्टा विधानसभा से जहांगीर खान के तेवर राज्य में सत्ता परिवर्तन के बाद ढीले पड़ते दिखाई दे रहे हैं। चुनाव प्रचार के दौरान केंद्रीय गृहमंत्री, चुनाव अधिकारियों और केंद्रीय बलों को “4 मई के बाद देख लेने” की धमकी देने वाले जहांगीर खान अब खुद की सुरक्षा और गिरफ्तारी से बचने के लिए कलकत्ता उच्च न्यायालय (Calcutta High Court) का दरवाजा खटखटा रहे हैं।
मामले की तत्काल सुनवाई और कोर्ट का आदेश
जहांगीर खान के वकील और राज्य के पूर्व एडवोकेट जनरल किशोर दत्ता ने कलकत्ता उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति सौगता भट्टाचार्य की पीठ के समक्ष इस मामले को बेहद जरूरी बताते हुए तत्काल सुनवाई का अनुरोध किया। याचिका में आरोप लगाया गया कि राज्य में राजनीतिक परिदृश्य बदलते ही जहांगीर खान के खिलाफ रोजाना कई ‘झूठी और राजनीति से प्रेरित’ एफआईआर दर्ज की जा रही हैं। उन्होंने अदालत से इन सभी मामलों का विवरण देने और चुनाव प्रक्रिया पूरी होने तक किसी भी दंडात्मक कार्रवाई से सुरक्षा प्रदान करने की मांग की।
मामले की गंभीरता और बदले राजनीतिक हालातों को देखते हुए कलकत्ता उच्च न्यायालय ने जहांगीर खान को आंशिक राहत दी है। अदालत ने आदेश जारी करते हुए कहा है कि आगामी 25 मई तक जहांगीर खान के खिलाफ दर्ज लंबित मामलों में पुलिस कोई भी दंडात्मक या कठोर कदम (No Coercive Action) नहीं उठाएगी, ताकि वे फाल्टा पर होने वाले उपचुनाव में हिस्सा ले सकें।
‘सिंघम’ बनाम ‘पुष्पा’ का विवाद और सीएम शुभेंदु अधिकारी की चेतावनी
गौरतलब है कि चुनाव के दौरान चुनाव आयोग द्वारा तैनात किए गए यूपी कैडर के तेजतर्रार आईपीएस अधिकारी अजय पाल शर्मा (जिन्हें मीडिया में ‘सिंघम’ कहा जा रहा था) के साथ जहांगीर खान का विवाद काफी वायरल हुआ था। तब जहांगीर खान ने फिल्मी अंदाज में कहा था, “अगर वो सिंघम हैं, तो हम भी पुष्पा हैं… झुकेंगे नहीं।”
अब पश्चिम बंगाल में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के नेतृत्व में भाजपा की सरकार बनने के बाद स्थितियां पूरी तरह बदल चुकी हैं। हाल ही में एक रैली के दौरान मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने जहांगीर खान पर तीखा हमला बोलते हुए कहा था, “वह एक कुख्यात अपराधी है और अब इस ‘सो कॉल्ड पुष्पा’ की जिम्मेदारी मेरी है, इसके केस को मैं खुद पर्सनली देखूंगा।”
फाल्टा सीट पर 21 मई को दोबारा मतदान
बता दें कि गत 29 अप्रैल को चुनाव के दौरान फलता विधानसभा क्षेत्र में बड़े पैमाने पर धांधली और ईवीएम के साथ छेड़छाड़ की शिकायतें सामने आई थीं, जिसके बाद चुनाव आयोग ने वहां के चुनाव को रद्द कर दिया था। अब इस सीट पर 21 मई को दोबारा मतदान (Re-poll) होना है और मतों की गिनती 24 मई को की जाएगी। यही कारण है कि गिरफ्तारी के डर से ‘अंडरग्राउंड’ चल रहे टीएमसी नेता ने ऐन चुनाव से पहले अदालत से सुरक्षा की गुहार लगाई है।




