मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा 26 जुलाई को संयुक्त कलेक्ट्रेट भवन एवं जिला अस्पताल का उद्घाटन कार्यक्रम प्रस्तावित निवाड़ी विधायक अनिल जैन का प्रयास हुआ सफल।
निवाड़ी विधायक अनिल जैन का प्रयास हुआ सफल, मुख्यमंत्री के प्रस्तावित आगमन को लेकर प्रशासन ने कसी कमर; कलेक्टर जमुना भिड़े ने की समीक्षा बैठक

टुडे इंडिया न्यूज एमपी
निवाड़ी,
निवाड़ी जिले के विकास को एक नई गति मिलने जा रही है। आगामी 26 जुलाई को प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव निवाड़ी जिले के नवनिर्मित संयुक्त कलेक्ट्रेट भवन एवं जिला अस्पताल का आधिकारिक लोकार्पण करेंगे। निवाड़ी विधायक अनिल जैन के सतत प्रयासों के बाद जिले को यह बड़ी सौगात मिली है।
मुख्यमंत्री के प्रस्तावित आगमन को भव्य और सुचारू रूप से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। कलेक्टर श्रीमती जमुना भिड़े की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में एक उच्चस्तरीय समय-सीमा (TL) समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें तैयारियों की विस्तृत रूपरेखा तय की गई।
1. वीवीआईपी व्यवस्थाओं से लेकर सुरक्षा तक की गहन समीक्षा
बैठक के दौरान कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को कार्यक्रम स्थल, सुरक्षा व्यवस्था और अन्य नागरिक सुविधाओं को समय-सीमा में दुरुस्त करने के निर्देश दिए।
- व्यवस्थाओं का आवंटन: हेलीपैड, मुख्य मंच, ग्रीन रूम, वीवीआईपी/वीआईपी दीर्घा, हितग्राही बैठक व्यवस्था और दिव्यांगजन कैंप के लिए अलग-अलग अधिकारियों को जिम्मेदारियां सौंपी गईं।
- बुनियादी सुविधाएं: सुरक्षा, यातायात, पार्किंग, निर्वाध विद्युत आपूर्ति, पेयजल, साफ-सफाई, एंबुलेंस, जीवनरक्षक दवाइयां और फायर ब्रिगेड की व्यवस्था सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश जारी किए गए।
- योजनाओं का लाभ: कार्यक्रम के दौरान पात्र हितग्राहियों को विभागीय योजनाओं का लाभ वितरण किया जाएगा और आमजन से आवेदन स्वीकार किए जाएंगे।
2. “आमजन की समस्याओं का समाधान सर्वोच्च प्राथमिकता” – कलेक्टर
कलेक्टर श्रीमती जमुना भिड़े ने बैठक में सीएम हेल्पलाइन (CM Helpline) की लंबित शिकायतों की विभागवार गहन समीक्षा की। उन्होंने लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों को सख्त लहजे में चेतावनी दी।
“आमजन की समस्याओं का त्वरित और पारदर्शी निराकरण ही जिला प्रशासन की पहली प्राथमिकता है। जनसमस्याओं के समाधान में किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब या ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।”
— श्रीमती जमुना भिड़े, कलेक्टर (निवाड़ी)
- 50 दिवस से पुराने मामले: 50 दिनों से अधिक समय से लंबित शिकायतों को प्राथमिकता के आधार पर चिन्हित कर उनका तत्काल निष्पक्ष निराकरण करने के कड़े निर्देश दिए गए।
3. जनसुनवाई एवं न्यायालयीन प्रकरणों के त्वरित निस्तारण के निर्देश
बैठक में जनसुनवाई के आवेदनों, माननीय उच्च न्यायालय में विचाराधीन प्रकरणों तथा जनप्रतिनिधियों द्वारा प्रस्तुत आवेदनों पर भी विस्तृत चर्चा हुई:
- जनसुनवाई: आवेदनों की निष्पक्ष जांच कर पात्र व्यक्तियों को नियमानुसार तुरंत लाभ देने के निर्देश दिए गए।
- कोर्ट केस: उच्च न्यायालय से संबंधित मामलों में समय-सीमा के भीतर जवाब, दावा और आपत्ति प्रस्तुत करने को कहा गया।
- जनप्रतिनिधि आवेदन: माननीय जनप्रतिनिधियों के आवेदनों का प्राथमिकता से निराकरण कर प्रतिवेदन भेजने का निर्देश दिया गया।
बैठक में ये वरिष्ठ अधिकारी रहे उपस्थित
इस महत्वपूर्ण टीएल बैठक में प्रशासनिक अमले के प्रमुख अधिकारी मौजूद रहे:
- इकबाल मोहम्मद (अपर कलेक्टर)
- रोहन सक्सेना (सीईओ, जिला पंचायत)
- अशोक सेन (एसडीएम)
- सुश्री मनीषा जैन (एसडीएम)
- अनिल कुमार तलैया (डिप्टी कलेक्टर)
- सुश्री स्वाति सिंह (डिप्टी कलेक्टर) (समस्त विभागीय अधिकारी एवं कर्मचारी)
रिपोर्ट: टुडे इंडिया न्यूज, मध्य प्रदेश




