ओरछा में बड़ा हादसा टला: बेतवा नदी में गणेश विसर्जन के दौरान तेज बहाव में बहा युवक, पुलिस और स्थानीय गोताखोरों ने बचाई जान
घटना: गणेश विसर्जन के दौरान बेतवा नदी के तेज बहाव में युवक का बहना। दिनांक व समय: 23 सितंबर 2026, शाम करीब 7:15 बजे। स्थान: ओरछा (मध्य प्रदेश), बेतवा नदी घाट। बचाए गए युवक का नाम: हनी बंशकार (निवासी - खिरक पट्टी, जिला झाँसी)।

निवाड़ी,ओरछा: – टुडे इंडिया न्यूज एमपी
मध्य प्रदेश की प्रसिद्ध धार्मिक व पर्यटन नगरी ओरछा में आज एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। बेतवा नदी में गणेश विसर्जन के दौरान तेज बहाव की चपेट में आने से एक युवक डूबने लगा, जिसे वहां तैनात मुस्तैद पुलिसकर्मियों और स्थानीय गोताखोरों ने अपनी जान पर खेलकर सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
मिली जानकारी के अनुसार, आज (23 सितंबर 2026) शाम करीब 7:15 बजे झाँसी जिले के खिरक पट्टी निवासी हनी बंशकार (पुत्र धर्मेंद्र बंशकार) अपने परिवार और मित्रों के साथ गणेश विसर्जन के लिए ओरछा आए हुए थे। विसर्जन के दौरान बेतवा नदी के तेज बहाव के कारण अचानक युवक का संतुलन बिगड़ गया और वह पानी की मुख्य धारा में बहने लगा।
पुलिस और गोताखोर बने देवदूत
युवक को नदी में डूबता और बहता देख घाट पर तैनात पुलिस बल ने बिना एक पल गंवाए मोर्चा संभाल लिया। पर्यटक चौकी प्रभारी सब-इंस्पेक्टर (S.I.) ऋषिपाल, आरक्षक रूदेश सेन, आरक्षक जितेन्द्र, महिला सैनिक गुड्डी बाई, सैनिक हनुमत सिंह और सैनिक सौरभ तिवारी ने त्वरित कार्रवाई की। पुलिस टीम के साथ ही स्थानीय गोताखोर सचिन यादव और रविकांत केंवट ने भी तुरंत उफनती नदी में छलांग लगा दी।
सभी के संयुक्त और साहसिक प्रयासों से डूब रहे युवक को पानी के तेज बहाव से खींचकर सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। समय पर चलाए गए इस सफल रेस्क्यू ऑपरेशन की वजह से एक बड़ा हादसा टल गया और युवक की जान सुरक्षित बचा ली गई।
प्रशासन की सराहना
इस त्वरित और साहसिक कार्रवाई के बाद मौके पर मौजूद लोगों और पीड़ित परिवार द्वारा पुलिस प्रशासन तथा स्थानीय गोताखोरों की जमकर प्रशंसा की जा रही है। इस घटना ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि किसी भी आपात स्थिति में मुस्तैद सुरक्षाकर्मी और मददगार स्थानीय लोग किस प्रकार लोगों के लिए फरिश्ता साबित हो सकते हैं।
— टुडे इंडिया न्यूज एमपी के लिए विशेष रिपोर्ट




